
देहरादून : उत्तराखंड समानता पार्टी और अखिल भारतीय समानता मंच की संयुक्त बैठक नत्थनपुर देहरादून में सम्पन्न हुई, जिसमें उत्तराखण्ड समानता पार्टी की तरफ से सी एस नेगी, टी एस नेगी, एस पी नैथानी तथा अखिल भारतीय समानता मंच की ओर से विनोद नौटियाल, एल पी रतूड़ी तथा जे पी कुकरेती मौजूद रहे।
पार्टी तथा संगठन का मत था कि अपने ही राज्य में मूल निवासियों के अधिकारों का हनन हो रहा है, यहां के संसाधनों पर बाहर के लोग कब्जा कर रहे है, मूल निवास न होने से नौकरियों पर बाहरी लोग लग रहे है, ठेकेदार बाहरी प्रदेशों से आ रहे है, हर जगह माफिया का कब्जा होता जा रहा है।
मूल निवास से ही हम अपनी जमीन, अपने संसाधन और स्वाभिमान को बचा सकते है, इस लिए यह आवश्यक है कि राज्य की अस्मिता को बचाने के लिए तथा उत्तराखंड राज्य के भले के लिए काम करने वाले संगठनों का सहयोग किया जाए, वर्तमान में उत्तराखण्ड मूलनिवास समन्वय समिति राज्य वासियों की मांग उचित तरीके से उठा रही है।
बैठक में उत्तराखण्ड मूलनिवास समन्वय समिति द्वारा 24 दिसंबर 2023 को देहरादून में आहूत मूलनिवास स्वाभिमान महारैली का समर्थन करने की घोषणा की गई, पार्टी तथा संगठन द्वारा अपने अपने सदस्यों का आह्वान किया गया कि उपरोक्त महारैली में अधिक से अधिक संख्या में भाग लें।
निम्नलिखित मांगें रखी गई :-
- मूल निवास 1950 शीघ्र लागू हो जिसकी कट आफ डेट 26 जनवरी 1950 घोषित की जाए।
- -सशक्त भू कानून लागू किया जाए।
- शहरी क्षेत्रों में 250 मीटर भूमि खरीदने की सीमा लागू हो। -ग्रामीण क्षेत्रों में भूमि विक्रय पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया जाए।
- गैर कृषक द्वारा कृषि भूमि खरीदने पर रोक लगे।
- पर्वतीय क्षेत्रों में गैर पर्वतीय मूल के व्यक्तियों द्वारा भूमि खरीदने पर तत्काल रोक लगाई जाए।
- राज्य गठन के बाद सरकार द्वारा विभिन्न व्यक्तियों, संस्थानों,कंपनियों आदि को दान या लीज पर दी गई भूमि का व्योरा सार्वजनिक किया जाए।
- राज्य में विशेषकर पर्वतीय क्षेत्रों मे रोजगार में स्थानीय ग्राम वासियों को 25 प्रतिशत तथा जनपद के मूलनिवासियों को 25 प्रतिशत हिस्सा अवश्य दिया जाए।
- उद्योगों में 80 प्रतिशत रोजगार स्थानीय लोगों को दिया जाए।



